Train Chart Preparation Time: चार्ट कब बनता है और कन्फर्मेशन कैसे होता है

रेल यात्रा के समय रेलवे यात्रियों को मुख्य रूप से दो तरह की टिकटें देता है — कन्फर्म टिकट और Waiting List (WL) टिकट।

अक्सर वेटिंग टिकट को लेकर यात्रियों के मन में कई सवाल रहते हैं, जैसे चार्ट क्या होता है, चार्ट कब बनता है और टिकट कब कन्फर्म होती है।

इस लेख में हम Train Chart Preparation Time, चार्ट बनने की प्रक्रिया और चार्ट के बाद टिकट की स्थिति से जुड़ी पूरी जानकारी आसान भाषा में समझेंगे, ताकि आगे आपको किसी तरह की कन्फ्यूजन न हो।

Train Chart क्या होता है?

Train reservation chart with passenger name coach and berth
चार्ट में यात्री का नाम, कोच और बर्थ की जानकारी होती है

ट्रेन चार्ट एक अंतिम सूची (Final List) होती है, जिसमें यात्रियों का:

  • नाम
  • कोच नंबर
  • बर्थ नंबर
  • टिकट की स्थिति (CNF / RAC / WL)

दर्ज होती है।

चार्ट बनने के बाद:

  • सभी बुक की गई टिकटों की स्थिति फाइनल हो जाती है
  • जो टिकट पहले वेटिंग में होती है, वह कन्फर्म या RAC में बदल सकती है

👉 अगर चार्ट बनने के बाद आपका टिकट कन्फर्म या RAC हो जाता है, तो आप यात्रा कर सकते हैं।

👉 अगर WL e-ticket कन्फर्म नहीं होती, तो वह ऑटोमैटिक कैंसिल हो जाती है और रिज़र्व्ड कोच में यात्रा की अनुमति नहीं होती।

Train Chart Preparation Time

Train chart preparation time 8 hours before departure
ट्रेन का चार्ट नए नियमों के अनुसार पहले तैयार होता है

यात्रियों की सुविधा के लिए रेलवे ने चार्ट प्रिपरेशन टाइम को संशोधित किया है।

नए नियमों के अनुसार:

  • जिन ट्रेनों का समय सुबह 5 बजे से दोपहर 2 बजे तक है→ उनका चार्ट 8 घंटे पहले, यानी एक रात पहले लगभग 9 बजे तक बन जाता है
  • जिन ट्रेनों का समय दोपहर 2 बजे के बाद है→ उनका चार्ट ट्रेन के प्रस्थान समय से 8 घंटे पहले बनता है

इसके अलावा रेलवे एक दूसरा (Final) चार्ट भी बनाता है, जो ट्रेन के चलने से लगभग 30 मिनट पहले तैयार होता है।

👉 अगर इस समय तक कोई बर्थ खाली रह जाती है, तो वह Current Booking के लिए उपलब्ध करा दी जाती है।

Chart बनने के बाद क्या होता है?

Check PNR status after chart preparation
चार्ट बनने के बाद PNR स्टेटस CNF, RAC या WL हो जाता है

चार्ट बनने के बाद:

  • कन्फर्म यात्रियों को उनकी सीट और बर्थ अलॉट हो जाती है
  • WL e-ticket अपने आप कैंसिल हो जाती है
  • कुछ WL टिकट RAC में बदल जाती हैं

अगर आपका टिकट अभी भी वेटिंग में है:

  • तो आप ट्रेन में मौजूद TTE से स्टेटस चेक कर सकते हैं
  • या फिर Current Booking में टिकट मिलने की कोशिश कर सकते हैं

Chart बनने के बाद टिकट कन्फर्म होने के chances

चार्ट बनने के बाद टिकट कन्फर्म होने की संभावना कम हो जाती है, लेकिन पूरी तरह खत्म नहीं होती।

  • यह आगे होने वाले कन्फर्म टिकट के कैंसलेशन पर निर्भर करती है
  • प्राथमिकता इस क्रम में होती है:RAC → GNWL → अन्य WL

👉 RAC टिकट को सबसे पहले कन्फर्मेशन का मौका मिलता है।

Chart कहां और कैसे चेक करें?

आप ट्रेन चार्ट आसानी से ऑनलाइन चेक कर सकते हैं:

  • IRCTC वेबसाइट पर
  • IRCTC मोबाइल ऐप के ज़रिए
  • SMS के माध्यम से

PNR नंबर डालकर आप यह जान सकते हैं कि:

  • आपकी टिकट CNF, RAC या WL में है

जरूरी बातें जो यात्रियों को जाननी चाहिए

✔ Boarding Rules

  • रिज़र्व्ड कोच में यात्रा के लिए कन्फर्म या RAC टिकट जरूरी है
  • WL टिकट के साथ रिज़र्व्ड कोच में यात्रा नहीं कर सकते
  • बोर्डिंग स्टेशन को यात्रा से 24 घंटे पहले तक बदला जा सकता है

✔ Coach Position

  • कोच पोज़िशन जानने से आपको अपनी बर्थ खोजने में आसानी होती है
  • यह जानकारी:
    • चार्ट में
    • IRCTC ऐप में
    • स्टेशन पर डिस्प्ले बोर्ड पर मिल जाती है

✔ Final Status का महत्व

  • Final Status ही तय करता है कि आप यात्रा कर सकते हैं या नहीं
  • CNF, RAC या WL की जानकारी यहीं से मिलती है

निष्कर्ष

अगर आपकी टिकट कन्फर्म नहीं है, तो चार्ट बनने तक इंतज़ार करना ज़रूरी होता है।

चार्ट बनने के बाद अपनी टिकट की स्थिति जरूर जांचें और रेलवे के नियमों का पालन करें।

PNR नंबर की मदद से आप वेबसाइट या ऐप पर अपनी टिकट का स्टेटस देखकर आखिरी समय की परेशानी से बच सकते हैं।

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